जौनपुरः कुत्ता काटने से आठ वर्षीय बालक की मौत, अस्पताल जाने और इंजेक्शन के लिए परिवार के पास नहीं थे पैसे J BHARAT JAUNPUR NEWS

 जौनपुर जिले के मीरपुर गांव में कुत्ते के काटने से आठ वर्षीय बालक की मौत हो गई। मृतक की मां रेनू के मुताबिक उसके पास बेटे को अस्पताल ले जाने और इंजेक्शन लगवाने तक का पैसा नहीं था। मीरपुर गांव की जोगीवीर बस्ती में रहने वाले बबलू मुसहर के पुत्र कृष्णा (8) को मंगलवार को घर के पास ही कुत्ते ने काट लिया था।




बृहस्पतिवार को उसकी तबीयत अचानक खराब हो गई। उसकी मां रेनू के अनुसार उसे अस्पताल ले जाने के लिए घर में पैसे नहीं थे। बेटे के इलाज के लिए उसने आस पास के लोगों से मदद मांगी तो बस्ती के लोगों ने दस-बीस रुपये कर कुछ पैसे एकत्र किए। लेकिन, इसी दौरान बालक ने दम तोड़ दिया।  



कृष्णा गांव के प्राथमिक स्कूल में कक्षा तीन का छात्र था। मां के मुताबिक मंगलवार को जब बेटे को कुत्ते ने काटा था तो सूई लगवाने के लिए वह एक निजी चिकित्सक के पास गई थी। चिकित्सक ने तीन सौ रुपये मांगे जो उसके पास नहीं थे। ऐसे में वह कुत्ता काटने की सूई न लगवाकर सिर्फ टिटनेस की सूई लगवाकर घर चली आई थी।  हालांकि ग्रामीणों का कहना है कि बालक को इसके पहले भी कुत्ते ने काटा था मंगलवार को उसे दोबारा कुत्ते ने काट लिया था।



एंटी रैबीज वैक्सीन  लगवाने के लिए यहां के लोगों को बीस किलोमीटर दूर सीएचसी मछलीशहर जाना होता है। एक तो गरीबी दूसरे जागरूकता के अभाव के चलते बहुत से लोग कुत्ता काटने पर सूई लगवाने के लिए इतनी दूर नहीं जाते।  ग्रामीणों का कहना है कि कुत्ता काटने की सूई प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और एएनएम सेंटर पर भी उपलब्ध होनी चाहिए। 



Post a Comment

0 Comments